Dec 27, 2020 Yojana

मुख्यमंत्री आजीविका संवर्धन हुनर अभियान | पूरी जानकारी | कैसे करें आवेदन

झारखंड आजीविका संवर्धन हुनर अभियान | Jharkhand Aajivika  Samvardhan Hunar Abhiyan | आजीविका संवर्धन हुनर अभियान | Aajivika  Samvardhan Hunar Abhiyan | मुख्यमंत्री आजीविका संवर्धन हुनर अभियान | Mukhyamantri Aajivika  Samvardhan Hunar Abhiyan | लाभ / पात्रता / उद्देश्य / विशेषताएं | How to apply

 

झारखंड राज्य के मुख्यमंत्री दवारा महिलाओं को रोजगार से जोडने और उनकी आमदनी मे वढोतरी करने के लिए मुख्यमंत्री आजीविका संवर्धन हुनर अभियान को लागु किया गया है। इस अभियान के जरिए राज्य मे हड़िया दारु बेचने वाली महिलाओ की सिथति को सुधारने के लिए उन्हे रोजगार के अवसर प्रदान करवाए जाएगें। क्या है ये योजना, कैसे मिलेगा लाभ, और आवेदन कैसे किया जाएगा। इसके लिए आपको ये आर्टीकल अंत तक पढना होगा। तो आइए जानते हैं – मुख्यमंत्री आजीविका संवर्धन हुनर अभियान के वारे मे।    

मुख्यमंत्री आजीविका संवर्धन हुनर अभियान | Mukhyamantri Aajivika  Samvardhan Hunar Abhiyan

 

झारखंड सरकार के मुख्यमंत्री दवारा राज्य मे महिलाओ की सिथति को वेहतर वनाने और उन्हे रोजगार से जोडने के लिए मुख्यमंत्री आजीविका संवर्धन हुनर अभियान को शुरु किया गया है। जिसके तहत राज्य मे महिलाओं को कृषि आधारित आजीविका, पशुपालन, वनोपज संग्रहण, उद्यमिता समेत स्थानीय संसाधनों से जुड़े स्वरोजगार के अवसर प्रदान किए जाएंगे। इस अभियान के माध्यम से राज्य की ग्रामीण महिलाओं को जोडकर उन्हे आत्म-निर्भर व सशक्त वनाया जाएगा। रोजगार मिलने से महिलाओ की आर्थिक परेशानी दूर होगी, जिससे परिवार की सिथति वेहतर वनेगी। योजना को सुचारु रुप से चलाने के लिए 600 करोड रुपये का वचट निर्धारित किया गया है।  

मुख्यमंत्री आजीविका संवर्धन हुनर अभियान को क्यों शुरु किया गया | Why the Mukhyamantri Aajivika  Samvardhan Hunar Abhiyan started

झारखंड राज्य मे महिलाएं अपनी अजीविका चलाने के लिए सड़क पर हड़िया दारु बेचती थी। ये काम उन्हे मजबूरी मे करना पडता था, क्योंकि इसके अलावा उनके पास परिवार को चलाने के लिए कोई दूसरा साधन नहीं था । क्योंकि जो भी दारु खरीदने आता था, वह महिलाओं के साथ अच्छा व्यवहार नहीं करते थे, जिससे राज्य की महिलाओ को काफी दिक्कतो का सामना करना पडता था। उनकी इस सिथति को वेहतर वनाने के लिए ही झारखंड सरकार दवारा महिलाओ को आजीविका संवर्धन हुनर अभियान से जोडा गया है, जिसके माध्यम से महिलाओ को स्वरोजगार के अवसर प्रदान होगें और उन्हे मजबूरी मे हड़िया दारु नही वेचनी पडेगी।    

पलाश ब्रांड | Palash brand

पलाश ब्रांड को राज्य सरकार देश और दुनिया में अलग पहचान देने के लिए एक विश्वस्तरीय ब्रांड बनाने की दिशा में कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा है कि हम सभी लोग मिलकर पलाश ब्रांड को आगे ले जाने का कार्य करेंगे, तो निश्चित ही राज्य की महिलाओं के सशक्तीकरण में पलाश ब्रांड मील का पत्थर साबित हो सकता है। पलाश सरकार का ब्रांड है जो भी उत्पाद इस ब्रांड के अंतर्गत रखी जायेगी अथवा बेची जायेगी वह पलाश के नाम से ही बिकेगा। पलाश ब्रांड को सही तरीके से बढ़ाने में अगर हम कामयाब होंगे, तो इसकी सीमाएं बहुत आगे तक जा सकती है। इसके लिए मुख्यमंत्री ने टाटा एवं अमूल का भी उदाहरण देकर स्पष्ट किया है कि लिज्जत पापड़ एवं अमूल का सारा उत्पाद महिला स्वयं सहायता समूह (SHG) द्वारा ही बनाया जाता है। उनकी मेहनत और लग्न के जरिए ही आज टाटा एवं अमूल को नयी पहचान मिली है। इसी तरह पलाश ब्रांड को भी महिला दीदियों द्वारा उत्पादन किये गये उत्पाद से ही आगे ले जाया जाएगा। पलाश ब्रांड में खाने- पीने के उत्पाद के अलावा जूता, चप्पल, साड़ी आदि भी पलाश ब्रांड के तहत बेची जा सकेगी। जिससे महिलाओ की आमदनी वढेगी और उनके हुनर से ब्रांड को नई उडान मिलेगी।

फूलो-झानो आशीर्वाद अभियान | Phoolo-Zhano Blessing Campaign

पलाश ब्रांड की तरह फूलो-झानो आशीर्वाद अभियान से भी महिलाओ को रोजगार से जोडा जाएगा। इसस महिलाएं और सशक्त बन सकेंगी। इसके अलावा ग्रामीण इलाकों में जो भी छोटे-छोटे उद्योग है उन्हें भी एक पहचान मिलेगी। जिससे महिलाएं आसानी से पैसे कमा सकेंगी।

अभियान के जरिए 17 लाख परिवारों को जोडा जाएगा | 17 lakh families will be added through the campaign

मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने ‘आजीविका संवर्धन हुनर अभियान-ASHA’, पलाश ब्रांड एवं फूलो-झानो आशीर्वाद अभियान के तहत राज्य के 17 लाख परिवारों को रोजगार से जोडा जाएगा। योजना के लिए 600 करोड़ रुपए का बजट निर्धारित किया गया है। मुख्यमंत्री जी ने स्वयं दुमका के मंडलों के बीच 150 करोड़ रुपए बांटे हैं। इस योजना का संचालन ग्रामीण विकास विभाग द्वारा किया जाएगा। मुख्यमंत्री जी ने यह भी कहा कि झारखंड सरकार रोजगार देने में पूरी तरह से सक्षम है। जहां प्रतिदिन 650000 लोगों को रोजगार दिया जाता है।

उद्देश्य | An Objective   

मुख्यमंत्री आजीविका संवर्धन हुनर अभियान का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को रोजगार से जोडकर उन्हे आत्म-निर्भर व सशक्त वनाना है।

पात्रता | Eligibility 

  • झारखंड राज्य के स्थायी निवासी
  • हड़िया दारु बेचने वाली महिलाएं
  • ग्रामीण परिवार

महत्वपूर्ण दस्तावेज | Important Documents

  • आधार कार्ड
  • स्थायी प्रमाण पत्र
  • राशन कार्ड
  • पासपोर्ट साइज फोटो
  • मोबाइल नम्वर

लाभ | Benefits

  • मुख्यमंत्री आजीविका संवर्धन हुनर अभियान का लाभ झारखंड राज्य की महिलाओ को प्राप्त होगा।
  • अभियान के जरिए महिलाओं को कृष आधारित आजीविका, पशुपालन, वनोपज संग्रहण, उद्यमिता समेत स्थानीय संसाधनों से जुड़े स्वरोजगार के अवसर प्रदान किए जाएंगे।
  • रोजगार मिलने से महिलाओं आमदनी मे वढोतरी होगी।
  • परिवार की सिथति मे सुधार होगा।
  • महिलाओ के मान-सम्मान मे वढोतरी होगी।
  • महिलाओ को उनकी योग्यता के अनुसार काम मिलेगा।
  • मुख्यमंत्री आजीविका संवर्धन हुनर अभियान से महिला सशकितकरण को वढावा मिलेगा।
  • राज्य मे लगभग 17 लाख ग्रामीण परिवारों को जोड़ा जाएगा।
  • अभियान के चलते अब महिलाओं का अपने घर का खर्च चलाने के लिए हड़िया दारु बेचने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।
  • योजना का संचालन ग्रामीण विकास विभाग द्वारा किया जाएगा।

विशेषताएं | Features

  • राज्य सरकार दवारा मिलेगी सहायता
  • महिलाओ को रोजगार के अवसर प्रदान किए जाएगे
  • महिलाओ को आत्म-निर्भर व जागरुक वनाया जाएगा।
  • महिलाओ की आर्थिक सिथति वेहतर वनेगी
  • अब महिलाओ को पैसे कमाने के लिए मजबूरी मे हड़िया दारु बेचने का काम नहीं करना पडेगा।

मुख्यमंत्री आजीविका संवर्धन हुनर अभियान के लिए कैसे करें आवेदन | How to apply for Mukhyamantri Aajivika  Samvardhan Hunar Abhiyan

  • मुख्यमंत्री आजीविका संवर्धन हुनर अभियान का लाभ लेने के लिए लाभार्थी को थोडा इंतजार करना होगा।
  • अभी योजना की शुरुआत की गई है।
  • जब ऑनलाइन प्रक्रिया होगी, तो लाभार्थी घर बैठे योजना के लिए आवेदन कर सकते हैं।
  • आवेदन के उपरांत ही लाभार्थी को रोजगार के अवसर प्राप्त होगें।

आशा करता हूं आपको इस आर्टीकल के दवारा सारी जानकारी मिल गई होगी। आर्टीकल अच्छा लगे तो कोमेंट और लाइक जरुर करें।

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