|| Mahatma Gandhi Rural Industrial Park Scheme | महात्मा गांधी रूरल इंडस्ट्रियल पार्क योजना | MGRIP Yojana Online Registration || छत्तीसगढ़ सरकार दवारा राज्य मे रोजगार के अवसर को वढाने के लिए महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क योजना को लागु किया गया है| इस योजना के माध्यम से प्रदेश मे राज्य के ग्रामीण इलाकों में रूलर इंडस्ट्रियल पार्क स्थापित करके रोजगार के अवसर उत्पन्न किए जाएंगे| जिससे राज्य मे बेरोजगारी दर मे कमी लाई जाएगी| कैसे मिलेगा इस योजना का लाभ और इसके अंतर्गत आवेदन कैसे किया जाएगा| ये सारी जानकारी लेने के लिए आपको ये आर्टीकल अंत तक पढना होगा| तो आइए जानते हैं – महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क योजना के वारे मे|
Mahatma Gandhi Rural Industrial Park Yojana
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल जी दवारा ‘महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर ‘महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क योजना’ को शुरू किया गया है| इस योजना के प्रथम चरण में प्रदेश के विभिन्न जिलों में 300 रूरल इंडस्ट्रियल पार्क विकसित किए जाएंगे। इस योजना के अंतर्गत राज्य मे रोजगार और आय के साधन उपलब्ध कराने के लिए प्रत्येक विकासखंड में 2 गौठानों को रूलर इंडस्ट्रियल पार्क के रूप मे विकसित किया जाएगा। इस योजना की समीक्षा नोडल विभाग पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग दवारा की जाएगी । महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क योजना ग्रामीण इलाकों में बड़ी संख्या में स्वयं सहायता समूह की महिलाओं एवं युवाओं को रोजगार के साथ आय के अच्छे साधन भी प्रदान करवाएगी|
योजना के प्रमुख बिन्दु
- महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क योजना राज्य के ग्रामीण इलाकों में रूलर इंडस्ट्रियल पार्क स्थापित करके रोजगार के अवसर उत्पन्न करने के लिए चलाई गई है, ताकि महिलाओं एवं युवाओं को रोजगार उपलब्ध करवाकर बेहतर आय की प्राप्ति की जा सके।
- योजना को शुरू करते हुएमुख्यमंत्री जी ने कहा है कि इस योजना से आत्मनिर्भर गांव का महात्मा गांधी का सपना पूरा होगा|
- इस योजना से प्रदेश के गांव स्वावलंबी और मजबूत बनेंगे।
- ग्रामीण क्षेत्रों में पहले से ही स्थापित गौठानो को आजीविका के केंद्रों के रूप में विकसित किया जाएगा।
- इस योजना के तहत सुराजी गांव में गौठानों को रूलर इंडस्ट्रियल पार्क में विकसित कर दिया गया है। जिनमें वर्मी कम्पोस्ट के निर्माण, मुर्गी पालन, बकरी पालन, कृषि और उद्यानिकी फसलों और लघु वनोपजों के प्रसंस्करण की इकाईयां स्थापित की जा रही है।
- इसके अलावा आटा-चक्की, दाल मिल, तेल मिल की स्थापना भी की जा रही है।
MGRIP योजना का अवलोकन
योजना का नाम | महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क योजना |
किसके दवारा शुरू की गई | छत्तीसगढ़ सरकार दवारा |
सबंधित विभाग | पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग |
लाभार्थी | राज्य के नागरिक |
प्रदान की जाने वाली सहायता | रूलर इंडस्ट्रियल पार्क स्थापित करके रोजगार के अवसर बढ़ाना |
आवेदन प्रक्रिया | ऑनलाइन / ऑफ़लाइन |
महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क योजना का उद्देश्य
योजना का मुख्य उद्देश्य राज्य के ग्रामीण इलाकों में रूलर इंडस्ट्रियल पार्क स्थापित करके रोजगार के अवसर वढाना है, ताकि पात्र नागरिको को बेहतर आय प्रदान करवाकर उनके जीवन स्तर को वेहतर वनाया जा सके|
MGRIP योजना के लिए 600 करोड रुपए का है प्रावधान
आपको वता दे कि ‘महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क योजना (MGRIP) के पहले चरण में 300 रूलर इंडस्ट्रियल पार्क विकसित किए जा रहे हैं। जिसके लिए गौठानों में 1 से 3 एकड़ जमीन पार्क आरक्षित होंगे। राज्य सरकार ने योजना के अंतर्गत 600 करोड रुपए का प्रावधान रखा है। जिसमे से सभी स्वीकृत रूलर इंडस्ट्रियल पार्क को 1-1 करोड़ रूपए की राशि मुहैया करवाई जाएगी। इस राशि से इन पार्कों में वर्किंग शेड एवं एप्रोच रोड का निर्माण कराणे का प्रावधान है। इसके साथ ही बिजली, पानी और युवाओं को ट्रेनिंग जैसी सुविधाएं देने के लिए भी इस राशि को खर्च किया जाएगा|
महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क योजना के लिए पात्रता
- आवेदक को छत्तीसगढ़ राज्य का स्थाई निवासी होना चाहिए।
- ग्रामीण इलाकों के गरीब बेरोजगार नागरिक ही योजना के अंतर्गत आवेदन करने के लिए पात्र होंगे|
- लाभार्थी की आयु 18 वर्ष या इससे अधिक होनी चाहिए।
आवश्यक दस्तावेज
- आधार कार्ड
- स्थायी प्रमाण पत्र
- आयु प्रमाण पत्र
- राशन कार्ड
- आय प्रमाण पत्र
- मोबाइल नंबर
- पासपोर्ट साइज फोटो
महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क योजना के लाभ
- छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री जी दवारा राज्य के ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर उत्पन्न करने के लिए महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क योजना को शुरू किया है|
- इस योजना का लाभ राज्य के ग्रामीण इलाकों की गरीब महिलाओं, पुरुषों एवं युवाओं को प्रदान किया जाएगा|
- इस योजना से आत्मनिर्भर गांव का महात्मा गांधी का सपना पूरा होगा।
- आपको वता दें कि विकसितकिए जाने वाले पार्को में व्यवसायिक गतिविधियां जैसे-मुर्गी पालन, बकरी पालन, आटा मिल, दाल मील, तेल मील, कृषि एवं उद्यानिकी फसलों और लघु वनोपजो के प्रसंस्करण की इकाई स्थापित की जाएगी|
- इस योजना के माध्यम से ग्रामीण इलाकों में रोजगार के अवसर उत्पन्न होंगे जिससे राज्य में बेरोजगारी दर में भी कमी आएगी।
- गांवो दवारा राज्य का विकास करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई जाएगी|
- इस योजना के तहत ग्रामीण इलाकों के चयनित गौठानों को रूलर इंडस्ट्रियल पार्क के रूप मे विकसित में किया जाएगा|
- पहले चरण में 300 इंडस्ट्रियल पार्क विकसित किए जाएंगे। जिसमे से प्रदेश के प्रत्येक विकासखंड में 2 इंडस्ट्रियल पार्क बनए जाएंगे|
- इस योजना के लिए राज्य सरकार दवारा 600 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।
- प्रत्येक स्वीकृत किए गए रोलर इंडस्ट्रियल पार्क को 01-01 करोड़ रुपए की राशि उपलब्ध करवाई जाएगी। इस राशि के उपयोग से पार्कों में वर्किंग शेड, एप्रोच रोड बिजली, पानी, युवाओं को ट्रेनिंग का काम किया जाएगा।
महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क योजना की मुख्य विशेषताएं
- ग्रामीण क्षेत्रों में उद्यम और स्वावलंबन को मिलेगा बढ़ावा
- ग्रामीण गरीब परिवारों के लिए अतिरिक्त आय का साधन बनाना
- राज्य मे बेरोजगारी दर मे कमी लाना|
- पात्र लाभार्थीयों को आत्म-निर्भर व सशक्त वनाना |
महात्मा गांधी ग्रामीण औद्योगिक पार्क योजना के लिए कैसे करे आवेदन
जो आवेदक योजना के अंतर्गत आवेदन करना चाहते हैं, उन्हे थोड़ा इंतजार करना होगा| अभी योजना को शुरू करने की घोषणा की गई है| आवेदन करने हेतु अभी आधिकारिक रूप से पुष्टि नही की गई है| जैसे ही योजना के लिए आवेदन हेतु कोई जानकारी मिलती है, तो ह्म आपको तुरंत सूचित कर देंगे|
आशा करता हूँ आपको इस आर्टीकल के दवारा सारी जानकारी मिल गई होगी| आर्टीकल अच्छा लगे तो कॉमेट और लाइक जरूर करे|